सहारनपुर: क्वारंटीन में जमातियों के खाना फेंकने और खुले में शौच करने की खबर झूठी, पुलिस ने किया खंडन

सहारनपुर: क्वारंटीन में जमातियों के खाना फेंकने और खुले में शौच करने की खबर झूठी, पुलिस ने किया खंडन

नई दिल्ली में आयोजित निजामुद्दीन मरकज़ (Nizamuddin Markaz) की वजह से देश में कोरोना (Coronavirus) संक्रमित मरीजों की संख्या में काफी उछाल आया है। मरकज़ में हिस्सा लेने वाले जमातियों और उनके संपर्क में आने वाले लोगों को ढूंढ-ढूंढ़कर को क्वारैन्टाइन किया गया है। इस बीच कई जगह से क्वारैन्टाइन किए गए जमातियों के दुर्व्यवहार की खबरें आ रही हैं। हालांकि, इन सभी खबरों में सत्यता नहीं है। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर से भी ऐसा ही एक मामला सामने आया है। यहाँ जमातियों द्वारा नॉन-वेज भोजन न मिलने पर हंगामा करने और खुले में ही शौच करने की खबरें आई थी। अब सहारनपुर पुलिस ने इन आरोपों का खंडन करते हुए इसे अफवाह करार दिया है।

क्या है मामला?

कई मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया था कि सहारनपुर में क्वारैन्टाइन वार्ड में भर्ती जमातियों ने मांसाहारी भोजन न मिलने पर खाना फेंक दिया और खुले में ही शौच किया। पत्रिका और अमर उजाला की खबरों के मुताबिक, उप जिला अधिकारी रामपुर मनिहारान एसएन शर्मा ने बताया कि रामपुर मनिहारान के जैन इंटर कॉलेज में कोरोना संक्रमण के संदिग्धों के लिए क्वॉरेंटाइन सेंटर बनाया गया है। इस सेंटर में दूसरे राज्यों से आए जमातियों को रखा गया है। इन सभी कि यहां पर देखभाल की जा रही है।  क्वॉरेंटाइन सेंटर में नॉन वेज खाना नहीं परोसा जाता लेकिन जमाती नॉनवेज खाने की मांग कर रहे थे। जब इनकों नॉनेवज खाना नहीं मिला ताे इन्हाेंने शुद्ध प्रोटीन युक्त खाना फेंक दिया। इतना ही नहीं क्वॉरेंटाइन वार्ड के अंदर खुले में ही शाैच भी कर डाला।


सहारनपुर पुलिस ने किया खंडन

हालाँकि, सहारनपुर पुलिस ने इस खबर का खंडन किया है। सहारनपुर पुलिस के सोशल मीडिया सेल द्वारा जारी प्रेस रिलीज में इस घटना को पूर्ण रूप से असत्य और गलत बताया गया है। इसमें कहा गया कि विभिन्न समाचार पत्रों, न्यूज़ चैनलों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर क्वारैन्टाइन किये गए जमातियों द्वारा मांसाहार भोजन न मिलने पर हंगामा करने और खुले में शौच करने की खबरें सामने आने के बाद रामपुर मनिहारान के थाना प्रभारी को मामले की जांच करने का निर्देश दिया गया। जांच में इस वायरल खबर को झूठ पाया गया है और सहारनपुर पुलिस इसका पूरी तरह से खंडन करती है।

सहारनपुर: क्वारंटीन में जमातियों के खाना फेंकने और खुले में शौच करने की खबर झूठी, पुलिस ने किया खंडन

बता दें कि निजामुद्दीन मरकज़ से जुड़े 1023 लोग संक्रमित पाए गए हैं, जो कि कुल संक्रमितों की संख्या के 30 प्रतिशत से ज्यादा है। पिछले कुछ दिनों ने तब्लीगी जमात के लोगों द्वारा स्वास्थ्यकर्मियों के साथ बदतमीजी की कई खबरें आई। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वास्थ्य कर्मियों के साथ अभद्रता करने और उन पर हमला करने वाले लोगों के साथ उन्होंने कड़ाई से पेश आने का निर्देश दिया था। उन्होंने कहा कि इनके खिलाफ कानूनन कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए । उन्होंने ऐसे सभी लोगों पर रासुका लगाने का निर्देश दिया।



कानपुर में अस्पताल के कर्मचारियों के साथ जमातियों ने किया दुर्व्यवहार

तबलीगियों का तांडव: अस्पताल में अधनंगे घूम रहे, अश्लील गाने गाकर नर्सों से मांगते बीड़ी-तंबाकू, जांच शुरू

(आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम पर फ़ॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब भी कर सकते हैं.)